बेबाक राय

प्रज्वलंत

दर्शन

सरकार एवं सरोकार

स्ट्क्सनेट: नयी युद्धनीति का सबसे घातक हथियार

Browse By

स्ट्क्सनेट एक कंप्यूटर वायरस जो किसी भी देश के राष्ट्रीय महत्व की तकनीकी प्रणालियो को अपना शिकार बनाता है और उनको शिथिल कर देता है. इसका शिकार आमतौर पर विद्युत् उत्पंदन केंद्र, बड़े बाँध , नाभिकीय संयंत्र जैसे उर्जा के स्त्रोत होते है. यह युध्ह की ऐसी नयी परम्परा शुरू करते दिखाई दे रहे जिसमे शत्रु राष्ट्र को भीतर से पंगु बनाया जा सकता है. कंप्यूटर तकनीक पे आत्याधिक निर्भरता का यह भरपूर इस्तेमाल करता है.

कुछ समय पहले यह वायरस इरान के नाभिकीय संयंत्र में लगे कोम्पुतेर्स में पाया गया. आंकलन लगाया जाने लगा की सन २०१० में जो ईरान के संयंत्र का उत्पादन गिरा था कंही न कंही उसका कारण यह वायरस ही था. इस वायरस के वजह से २०१३ तक ईरान ने अपने नाभिकीय परियोजनाओं को बिना कारण बताये कुछ वक़्त के लिए स्थगित कर दिया था. पश्चिमी एशिया के कई देशो के कंप्यूटर में इन्हें पाया गया.

ये वर्म श्रेणी के वायरस संयंत्रो तक सीधे नहीं पहुचते है. इन्हें देश में इतना फैला दिया जाता है की

ये अनेको माध्यमो से धीरे धीरे ही सही संयंत्रो में लगे कंप्यूटर तक पहुचता है. माध्यम वही आम होते है जैसे पेन ड्राइव इत्यादि. ये अपनी नक़ल बनाते जाते है और कंप्यूटर और उससे जुडी प्रणाली व्यवस्था को सुप्तावस्था में ला देते है.

किसने किया इरान को परेशां

इरान के नाभिकीय कार्यक्रम से इजराइल और अमेरिका दोनों ही सहमे हुए थे. ईरान इजराइल की नीतियों का विरोधी है तो इजराइल इरान में किसी भी हरकत को अपने ऊपर खतरा मानता है. १९७१ के बाद से अमेरिका और इरान के सम्बन्ध मधुर ना हो सके. मध्य एसिया में अमेरिका ईरान को अपने हितो के ऊपर ख़तरा मानता रहा.

अमरीका या इजराइल

अमरीका या इजराइल में चुनाव करना मुश्किल है . वायरस के कोड में हिब्रू के चिन्हों का इस्तेमाल किआ गया है. पर तकनीकी तौर पे देखने में अमेरिका का हाथ होने से इनकार नहीं किया जा सकता.

भारत और स्ट्क्सनेट

यह एक वायरस है. बड़े आसानी से फ़ैल सकता है. दुःख की बात तो यह है की इसे कोई भी आराम से डाउनलोड कर सकता है. भारी क्षति का खेल कुछ पलो में शुरू हो सकता है. भारत के विद्युत् संयंत्रो पे हमला भारत को भारी क्षति पंहुचा सकता है. उद्योग धंधो और सर्विस सेक्टर को भारी नुक्सान पहुचेगा . व्यापार गिर जाएगा. भारत को सजग रहना होगा. साइबर पुलिस की मुस्तैदी जरुरी है. इस क्षेत्र के जानकारों से पहले ही विचार विमर्श कर रणनीति बनाना जरुरी है. stuxसाथ ही इन सभी संयंत्रो में एक समनांतर व्यवस्था बनाई जानी चाहिए ताकि साइबर हमले के वक़्त विद्युत् उत्पादन में कमी ना आये

676 total views, 1 views today

भारत को बेहतर समझने और हमारी परम्पराओं को देश दुनिया तक पहचाने के हमारे इस प्रयास को प्रोत्साहित करें और हमारा छोटा सा सहयोग करें

अगर आपको यह लेख उपयोगी लगा तो अपने मित्रों के साथ सोशल मीडिया और WhatsApp पर शेयर कर हमारी सहायता करें

If you found the post useful please share it with your friends on social media and whatsapp

%d bloggers like this: